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हिन्दू शब्द वेदों से लिया गया है ना की फ़ारसी से

  HINDU WORD ORIGIN PLZ CLICK ADVERTISEMENT TO SUPPORT THIS WEBSITE FOR REVENUE FROM ADVERTISEMENT हिन्दू शब्द सिंधु से बना है  औऱ यह फारसी शब्द है। परंतु ऐसा कुछ नहीं है! ये केवल झुठ फ़ैलाया जाता है।ये नितांत असत्य है  ........ "हिन्दू"* शब्द की खोज - *"हीनं दुष्यति इति हिन्दूः से हुई है।”* *अर्थात* जो अज्ञानता और हीनता का त्याग करे उसे हिन्दू कहते हैं। 'हिन्दू' शब्द, करोड़ों वर्ष प्राचीन, संस्कृत शब्द से है! यदि संस्कृत के इस शब्द का सन्धि विछेदन करें तो पायेंगे .... *हीन+दू* = हीन भावना + से दूर *अर्थात* जो हीन भावना या दुर्भावना से दूर रहे, मुक्त रहे, वो हिन्दू है ! हमें बार-बार, सदा झूठ ही बतलाया जाता है कि हिन्दू शब्द मुगलों ने हमें दिया, जो *"सिंधु" से "हिन्दू"* हुआ l *हिन्दू शब्द की वेद से ही उत्पत्ति है !* जानिए, कहाँ से आया हिन्दू शब्द, और कैसे हुई इसकी उत्पत्ति ? हमारे "वेदों" और "पुराणों" में *हिन्दू शब्द का उल्लेख* मिलता है। आज हम आपको बता रहे हैं कि हमें हिन्दू शब्द कहाँ से मिला है! "ऋग्वेद" के *"...

उमरिया में REGISTRATION और STAMP विभाग में घोटाला , अवैध ईमारत को वैध सर्टिफिकेट बाँट रहे है !

UMARIA REGISTRATION AND STAMP OFFICE REGISTERING ILLEGAL REAL ESTATE ,  NO OCCUPATION CERTIFICATE AND CC AS PER SECTION 187-191 OF MP MUNICIPAL ACT 1961.  HUGE COMMISSION FOR PROPERTY REGISTRATION.  COMPLAINT AGAINST DISTRICT REGISTRAR NAVAMI DAS CHOWKIKAR AND SUB REGISTRAR ASHISH SHRIVASTAVA Umaria : उमरिया कलेक्टर ऑफिस में प्रॉपर्टी रजिस्ट्रार का ऑफिस है. सब  रजिस्ट्रार आशीष श्रीवास्तव और जिला रजिस्ट्रार नवमी दास चौकीकर यहां अवैध भवनों को भ्रष्टाचार करके रजिस्ट्रेशन करते है. एजेंट के सहारे उनको मोटी  मलाई मिल रही है. ना किसी  पास ऑक्यूपेशन सर्टिफिकेट है न फायर NOC पर धड़ल्ले से पैसा लेकर एजेंट प्रॉपर्टी रजिस्टर्ड करा रहे है. एक एजेंट ने बताया रोज़ अधिकारी ७५ हज़ार  तक बना लेते है. CM helpline में शिकायत करने पर तुरंत शिकायत बंद कर  दी जाती है. बड़े अधिकारिओ और पुलिस में शिकायत की गयी है और IPC  420 ,218 ,166 A ,120 B  में FIR दर्ज़ करने की मांग की गयी है।  

Adv Atal Dubey Demanded CM to Grant Sanction of Kripashankar Singh Case , Case Rejected Due To No Sanction By Maharashtra Government.

Prosecute Ex – MLA Minister  Shri Kripashankar Singh in disproportionate  asset case- Request to CM Udhhav Thakre अनुमति के अभाव में कृपा शंकर सिंह निर्दोष घोषित हुए। राजनीति ने फिर बचा लिया ! Mumbai-High profile disproportionate asset matter, where Ex- MLA senior politician Kripashankar Singh  and his family was involved, Mumbai based advocate Atal Bihari Dubey approached CM Uddhav Thakre and Home Minister Anil Deshmukh for  taking appropriate action including get sanction from Authority to prosecute them.  Singh's trouble had started in 2010 when a complaint filed  with the Anti Corruption Bureau and also a PIL in the Bombay High Court and in a public interest litigation showed how Singh, a vegetable seller from Jaunpur had amassed huge wealth and prayed that it needed to be investigated. The Bombay High Court had directed that an FIR be registered and so at Nirmal Nagar Police Station in Bandra East area of Mumbai, an FIR under the Prevention of Corrupti...

How Annual Confidential reports of all the Judicial Officers Prepared By High Court Judges?

  "In this respect, it is submitted that the procedure of recording of ACRs being following by the Delhi High Court is as follows:- (a) Annual Confidential reports of all the Judicial Officers are recorded by the Full Court of the High Court on a calendar year basis, at the end of the Calendar year: (b) Groups of the Judicial Officers of subordinate Courts are placed under the direct supervision and control of individual Hon'ble Judges of the High Court for the purposes of inspection; (c) The Hon'ble Inspecting Judges call for and assess the monthly disposal of Judicial Officers and also carry out inspection of the Courts of Officers allotted to them. They may also call for judgments from the particular Officers for perusal. Complaints, if any received against the Judicial officers are also placed before the Hon'ble Inspecting Judges and the Hon'ble Judges, after perusal of the complaints, depending upon the nature and merits of the allegation, some times, call for...

Ratlam: Advocate Landed In Jail Since Last 20 Days For Wishing Birthday To Lady Judge

  वकील ने जज साहिबा को किया बर्थडे विश, 20 दिन से जेल में हैं बंद ADVOCATE USED FACEBOOK PHOTO AND SENT GREETINGS IN OFFICIAL EMAIL ID OF LADY JUDGE AT 1.11AM.   वकील साहब के बर्थडे विश करने से एक जज साहिबा इतनी आहत हुई कि उन्होंने उनके खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज करा दी। वकील साहब 20 दिन से जेल में बंद हैं। जमानत के लिए वे जेएमएफसी कोर्ट से लेकर सेशन तक दौड़ लगा चुके हैं, लेकिन कहीं कोई राहत नहीं मिली। आखिर मामला हाई कोर्ट पहुंच गया। वकील साहब का कहना है कि उन्होंने सिर्फ जन्मदिन की बधाई देने के उद्देश्य से जज साहिबा को मेल किया था। उनका इरादा न्यायाधीश के मान-सम्मान को ठेस पहुंचाने का नहीं था। जमानत याचिका पर सुनवाई होनी बाकी है। मामला रतलाम जिला कोर्ट में प्रैक्टिस करने वाले एक वकील का है। रतलाम में ही पदस्थ एक महिला न्यायाधीश का जनवरी में जन्मदिन था। वकील ने जन्मदिन की शुभकामना देने के लिए रात करीब 1:11 बजे न्यायाधीश के सरकारी मेल पर हैप्पी बर्थ डे का मैसेज पोस्ट कर दिया। उन्होंने न्यायाधीश के फेसबुक अकाउंट से उनका फोटो डाउनलोड कर उसे ग्रीटिंग के रूप में न्यायाधीश को भेजा। ...

Registrar Cannot Decide Maintainability Of Any Petition: Supreme Court

  The maintainability of any petition or application can be decided only by the Court and not by the Registrar.  SUPREME COURT REGISTRY CANNOT DENY TO ACCEPT PETITION THAT IT IS NOT MAINTAINABLE Supreme Court of India P. Surendran vs State By Inspector Of Police on 29 March, 2019 Author: ……………………………J. Reportable IN THE SUPREME COURT OF INDIA CRIMINAL APPELLATE JURISDICTION SLP (CRL.) No. 1832 of 2019 P. SURENDRAN …PETITIONER (S) VERSUS STATE BY INSPECTOR OF POLICE …RESPONDENT (S) ORDER N. V. RAMANA, J., 1. This Special Leave Petition has been filed against the impugned order and judgm...

Gold: आम आदमी घर में कितना रख सकता है सोना?

  आयकर नियमों के अनुसार, अगर कोई गोल्ड कहां से आया है, इसका वैलिड सोर्स व प्रूफ देता है तो वह घर में जितनी मर्जी उतना सोना रख सकता है। लेकिन अगर कोई बिना इनकम सोर्स बताए घर में सोना रखना चाहता है तो इसकी एक लिमिट है। नियमों के तहत विवाहित महिला घर में 500 ग्राम, अविवाहित महिला 250 ग्राम और पुरुष केवल 100 ग्राम सोना बिना इनकम प्रूफ दिए भी रख सकते हैं। तीनों कैटेगरी में तय सीमा में सोना घर में रखने पर आयकर विभाग सोने के आभूषण जब्त नहीं करेगा। अगर अलग-अलग कैटेगरी के लोगों के लिए तय सीमा से अधिक सोना घर में रखा जाता है तो व्यक्ति को इनकम प्रूफ देना होगा। सोना कहां से आया, यह सबूत के साथ आयकर विभाग को बताना होगा। सीबीडीटी ने 1 दिसंबर 2016 को एक बयान जारी कर स्पष्ट किया था कि अगर किसी नागरिक के पास विरासत में मिले गोल्ड समेत, उसके पास उपलब्ध सोने का वैलिड सोर्स है और वह इसका प्रमाण दे सकता है तो नागरिक कितनी भी गोल्ड ज्वैलरी व ऑर्नामेंट्स रख सकता है। अगर किसी व्यक्ति की कर योग्य सालाना आय 50 लाख रुपये से ज्यादा है तो उसे आयकर रिटर्न में आभूषणों और उनकी वैल्यू का ब्यौरा भरना होता है। याद ...